CG News: पारंपरिक वैद्य परंपरा के संरक्षण की दिशा में बड़ा कदम, 37 वैद्यों को मिला औपचारिक प्रमाणीकरण

CG News: पारंपरिक वैद्य परंपरा के संरक्षण की दिशा में बड़ा कदम, 37 वैद्यों को मिला औपचारिक प्रमाणीकरण

CG News: पारंपरिक वैद्य परंपरा के संरक्षण की दिशा में बड़ा कदम, 37 वैद्यों को मिला औपचारिक प्रमाणीकरण

CG News: छत्तीसगढ़ में पारंपरिक स्वास्थ्य पद्धतियों और स्थानीय उपचार ज्ञान को संरक्षित करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में रायपुर में आयोजित बैठक में पारंपरिक वैद्य परंपरा के संरक्षण, संवर्धन और भविष्य की कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम में विभिन्न जिलों से आए वैद्य प्रतिनिधियों ने भाग लेकर अपने सुझाव भी साझा किए।

वैद्य सम्मेलनों से बढ़ रहा जागरूकता अभियान

बैठक में बताया गया कि पारंपरिक चिकित्सा ज्ञान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से राज्य, संभाग और जिला स्तर पर नियमित वैद्य सम्मेलनों का आयोजन किया जा रहा है। इन आयोजनों के माध्यम से अनुभवी वैद्यों के ज्ञान और अनुभवों का दस्तावेजीकरण भी किया जा रहा है, वैद्यों को औषधीय पौधों की पहचान, संरक्षण, खेती और सुरक्षित उपयोग संबंधी प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। इससे पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली को मजबूती मिलने के साथ-साथ जैव विविधता और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिल रहा है।

Chhattisgarh News: परंपरागत वैद्य सम्मेलन में शामिल हुए सीएम साय, कहा-  पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली हमारी सांस्कृतिक धरोहर

37 वैद्यों को मिला प्रमाणीकरण

पारंपरिक चिकित्सा पद्धति को संस्थागत पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए अब तक 37 पारंपरिक वैद्यों का औपचारिक प्रमाणीकरण किया जा चुका है। इस प्रक्रिया से उनके ज्ञान और अनुभव को मान्यता मिलने के साथ समाज में उनकी विश्वसनीयता भी बढ़ी है, औषधीय पौधों की उपलब्धता बढ़ाने के लिए हर्बल गार्डन विकसित किए जा रहे हैं। इसके तहत वैद्यों को तकनीकी मार्गदर्शन के साथ पौधों की खेती के लिए सहायता प्रदान की जा रही है। स्कूलों और घरों में भी औषधीय पौधों के उद्यान विकसित करने की पहल की जा रही है।

जड़ी-बूटियों के प्रसंस्करण को मिलेगा बल

राज्य में पारंपरिक चिकित्सा से जुड़े लोगों को निःशुल्क औषधीय पौधे उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इसके साथ ही जड़ी-बूटियों के प्रसंस्करण और उपयोग को आसान बनाने के लिए विभिन्न जिलों में आधुनिक उपकरण भी उपलब्ध कराए गए हैं, बैठक में भविष्य की योजनाओं और उनके प्रभावी क्रियान्वयन पर भी चर्चा की गई। उद्देश्य यह है कि पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली को संरक्षित करते हुए उसे आधुनिक स्वास्थ्य व्यवस्था के साथ जोड़ा जाए, ताकि ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुलभ एवं प्रभावी बनाया जा सके।

यह भी पढ़ें : CG News: छत्तीसगढ़ में अवैध खनन पर सख्त कार्रवाई, दो महीनों में 1747 प्रकरण दर्ज

Vindhya Times
Author: Vindhya Times

विन्ध्या टाइम्स वेब बेस्ड न्यूज़ चैनल है जो विन्ध्य क्षेत्र में एक सार्थक,सकारात्मक और प्रभावी रिसर्च बेस्ड पत्रकारिता के लिए अपनी जाना जाता है.चैनल के माध्यम से न्यूज़ बुलेटिन, न्यूज़ स्टोरी, डाक्यूमेंट्री फिल्म के साथ-साथ विन्ध्य क्षेत्र और मप्र. की ख़बरों को प्रसारित किया जाता है. विन्ध्य क्षेत्र की राजनीति, युवा, सांस्कृतिक, पर्यटन, शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, कल्चर, फ़ूड, और अन्य क्षेत्र में एक मजबूत पत्रकारिता चैनल का उद्देश्य है. विन्ध्या टाइम्स न्यूज़ चैनल की ख़बरों को आप चैनल की वेबसाइट-www.vindhyatimes.in एवं एंड्राइड बेस्ड एप्लीकेशन के माध्यम से भी प्राप्त कर सकते हैं. साथ ही साथ फेसबुक पेज- https://www.facebook.com/vindhyatimesnews और ट्वीटर में -@vindhyatimes से भी आप ख़बरों को पढ़ सकते हैं. जुड़े रहिये हमारे साथ |

Leave a Comment

और पढ़ें